🎯 विषय: सुरक्षा : 📖 भजन संहिता 138:7
📖 पवित्रशास्त्र :
“चाहे मैं संकट के बीच में रहूँ तौभी तू मुझे जिलाएगा, तू मेरे क्रोधित शत्रुओं के विरुद्ध हाथ बढ़ाएगा, और अपने दाहिने हाथ से मेरा उद्धार करेगा।”
भजन संहिता 138:7
💡 मनन:
परमेश्वर यह प्रतिज्ञा नहीं करता कि हमारा जीवन कठिनाइयों से रहित होगा, परन्तु वह अपनी उपस्थिति का आश्वासन अवश्य देता है। जब हम परीक्षाओं और संघर्षों से गुजरते हैं, तब वह हमें सम्भालता और सुरक्षित रखता है। उसकी सामर्थ्य हमारी कमजोरी में भी काम करती है। आज चाहे परिस्थिति कैसी भी हो, याद रखें कि परमेश्वर की विश्वासयोग्य देखभाल आपके साथ है। उसके हाथों में भरोसा रखकर आगे बढ़ें।
🙏 प्रार्थना:
हे स्वर्गीय पिता, जीवन की हर परिस्थिति में मेरी रक्षा करने के लिए धन्यवाद। मुझे सहायता दे कि मैं कठिन समय में भी तुझ पर भरोसा रखूँ और तेरी विश्वासयोग्यता में विश्राम पाऊँ। यीशु के नाम में, आमीन।

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